शिवमय हुआ सर्वमंगला नगर: 11 हजार शिवलिंगों का अभिषेक, पूर्णाहुति और भंडारे के साथ संपन्न हुआ आठ दिवसीय आध्यात्मिक महोत्सव


शिवमय हुआ सर्वमंगला नगर: 11 हजार शिवलिंगों का अभिषेक, पूर्णाहुति और भंडारे के साथ संपन्न हुआ आठ दिवसीय आध्यात्मिक महोत्सव

कोरबा/ छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस: सर्वमंगला नगर दुरपा में आयोजित आठ दिवसीय भव्य महाशिवपुराण कथा का सोमवार को श्रद्धा और उल्लास के साथ समापन हुआ। 12 जनवरी से शुरू हुए इस आध्यात्मिक आयोजन में अंतिम दिन तक श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ा रहा। कथा के दौरान पूरा क्षेत्र ओम नमः शिवाय और ‘हर-हर महादेव के जयघोष से गुंजायमान रहा, जिससे वातावरण पूरी तरह शिवमय हो गया।

व्यास पीठ से बरसी शिव महिमा की अमृत वर्षा

कथावाचक पंडित रमाकांत महाराज ने अपनी ओजस्वी और मधुर वाणी से भगवान शिव के विभिन्न स्वरूपों और उनकी महिमा का वर्णन किया। महाराज जी ने शिवपुराण के गूढ़ रहस्यों को सरल भाषा में श्रद्धालुओं के समक्ष रखा, जिसे सुनकर भक्त भावविभोर हो गए। आयोजन की विशेष बात यह रही कि व्यास पीठ की ओर से सभी श्रद्धालुओं को निशुल्क सिद्ध रुद्राक्ष का वितरण किया गया।

11000 पार्थिव शिवलिंगों का सामूहिक अभिषेक

कार्यक्रम की श्रृंखला में 19 जनवरी को एक अद्भुत दृश्य देखने को मिला। कथा स्थल पर 11,000 पार्थिव शिवलिंगों का सामूहिक जलाभिषेक और दुग्धाभिषेक संपन्न हुआ। बड़ी संख्या में श्रद्धालु माताएं और बहनें अपने घरों से श्रद्धापूर्वक पार्थिव शिवलिंग बनाकर कथा पंडाल पहुंचीं। विद्वान पंडितों के मंत्रोच्चारण के बीच विधि-विधान से महादेव का पूजन कर विश्व कल्याण की कामना की गई।

पूर्णाहुति, सहस्त्रधारा स्नान और विशाल भंडारा

कथा के अंतिम दिन यज्ञ शाला में मंत्रों के साथ पूर्णाहुति और हवन का कार्यक्रम संपन्न हुआ। इसके पश्चात श्रद्धालुओं ने सहस्त्रधारा की पावन गंगा में डुबकी लगाकर पुण्य लाभ अर्जित किया। समापन के अवसर पर एक विशाल भोग भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने पंक्तिबद्ध होकर प्रसाद ग्रहण किया।

जनसहयोग की मिसाल:

इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में समस्त ग्रामवासियों का विशेष सहयोग रहा। ग्रामीणों ने सेवा भाव के साथ व्यवस्थाएं संभालीं, जिससे आठ दिनों तक चले इस महोत्सव में आए हजारों श्रद्धालुओं को सुगमता हुई।