खाकी का मानवीय चेहरा: अपनों से दूर बुजुर्गों के संग पुलिस ने खेली फूलों की होली


खाकी का मानवीय चेहरा: अपनों से दूर बुजुर्गों के संग पुलिस ने खेली फूलों की होली

वृद्धाश्रम में गूंजी खुशियां; एडिशनल एसपी सहित पुलिस अधिकारियों ने लिया बुजुर्गों का आशीर्वाद

कोरबा/ छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस: जहाँ एक ओर पूरा देश अपनों के साथ रंगों और गुलाल की मस्ती में डूबा हुआ था, वहीं दूसरी ओर कोरबा पुलिस ने सामाजिक सरोकार की एक अनूठी मिसाल पेश की है। 4 मार्च को आम जनमानस की होली के बाद, 5 मार्च को पुलिस विभाग द्वारा मनायी जाने वाली होली के अवसर पर सर्वमंगला पुलिस चौकी ने ‘प्रशांति वृद्धाश्रम’ के बुजुर्गों के साथ समय बिताकर उनके सूनेपन को खुशियों से भर दिया।

फूलों की होली से महका वृद्धाश्रम

सर्वमंगला मंदिर के निकट स्थित प्रशांति वृद्धाश्रम में रह रहे बुजुर्ग अक्सर त्योहारों के मौके पर अपनों की कमी महसूस करते हैं। उनकी इसी पीड़ा को समझते हुए सर्वमंगला पुलिस चौकी द्वारा एक विशेष आयोजन किया गया। यहाँ पुलिसकर्मियों ने रंग-गुलाल के बजाय फूलों की होली खेलकर बुजुर्गों को सम्मान और अपनेपन का अहसास कराया।

इस भावनात्मक आयोजन में जिले के उच्च अधिकारियों ने भी शिरकत की। एडिशनल एसपी लखन पटले, एडिशनल एसपी नितीश ठाकुर, सीएसपी कोरबा प्रतीक चतुर्वेदी, कुसमुंडा टीआई मृत्युंजय पांडे और चौकी प्रभारी एएसआई विभव तिवारी सहित पूरे स्टाफ ने वृद्धों के साथ होली खेली। अधिकारियों ने न केवल उनके साथ रंग साझा किए, बल्कि उनके चरण स्पर्श कर आशीर्वाद भी प्राप्त किया।

जब पूरा शहर उत्सव मना रहा होता है, तब हमारा प्रयास था कि समाज के ये मार्गदर्शक खुद को अकेला न समझें। उन्हें यह महसूस कराना जरूरी था कि पुलिस और समाज उनके साथ खड़ा है।”

सर्वमंगला पुलिस….

भावुक हुए बुजुर्ग, कहा- ‘लगा जैसे अपने आ गए हों’

पुलिस के इस व्यवहार और पहल को देखकर वृद्धाश्रम में रहने वाले बुजुर्गों की आंखें छलक आईं। उन्होंने कहा कि पुलिसवालों को अपने बीच पाकर उन्हें ऐसा महसूस हुआ जैसे उनके अपने बच्चे उनके साथ त्योहार मना रहे हों। बुजुर्गों ने पुलिस विभाग की इस संवेदनशीलता का स्वागत किया और सभी जवानों व अधिकारियों को उज्जवल भविष्य का आशीर्वाद दिया।

एक सकारात्मक संदेश

अक्सर पुलिस की छवि सख्त मानी जाती है, लेकिन इस आयोजन ने यह साबित कर दिया कि वर्दी के भीतर भी एक संवेदनशील दिल धड़कता है। सर्वमंगला पुलिस की इस पहल की पूरे शहर में प्रशंसा हो रही है।