प्रधानमंत्री आवास योजना के अधूरे आवासों को शीघ्र पूरा करे सरकार – जयसिंह अग्रवाल
छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस न्यूज़ /भरत यादव
कोरबा – पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल ने प्रेस नोट जारी कर कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा लगातार यह दावा किया जा रहा है कि गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों को पक्के आवास उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इसके लिए बड़ी संख्या में आवास स्वीकृत किए जाने तथा हितग्राहियों को राशि प्रदान करने की बात कही जा रही है, किंतु जमीनी स्तर पर स्थिति इससे बिल्कुल विपरीत दिखाई दे रही है।

कोरबा जिले में लगभग 1000 ऐसे हितग्राही परिवार हैं, जिनके आवास निर्माण कार्य की शुरुआत तो हो चुकी है तथा प्रथम किस्त की राशि भी प्राप्त हो चुकी है, लेकिन इसके बाद की किस्तें लंबे समय से जारी नहीं की गई हैं। परिणामस्वरूप उनके मकान अधूरे पड़े हुए हैं और निर्माण कार्य पूरी तरह से ठप हो गया है। कई हितग्राहियों ने अपने पुराने मकानों को तोड़कर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत नए आवास का निर्माण प्रारंभ किया था। अब राशि के अभाव में उनके घर अधर में लटके हुए हैं, जिससे उन्हें रहने की गंभीर समस्या का सामना करना पड़ रहा है। साथ ही आर्थिक संकट भी लगातार गहराता जा रहा है।
श्री अग्रवाल ने आगे कहा कि यदि शासन के पास वित्तीय संसाधनों की कमी है तो, पहले से स्वीकृत एवं निर्माणाधीन आवासों को पूर्ण करने की प्राथमिकता तय की जानी चाहिए। वर्तमान में सरकार द्वारा लगातार नए आवासों की घोषणाएं की जा रही हैं, जबकि पहले से शुरू किए गए हजारों गरीब परिवारों के आवास अधूरे पड़े हुए हैं।
सरकार को नए वादे और घोषणाएं करने से पहले उन गरीब परिवारों की चिंता करनी चाहिए जो वर्षों से अपनी अगली किस्त की प्रतीक्षा कर रहे हैं। शासन से मांग है कि लंबित किश्तों का तत्काल भुगतान कर अधूरे आवासों का निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण कराया जाए, ताकि गरीब परिवारों को सुरक्षित एवं सम्मानजनक आवास उपलब्ध हो सके।




